महाराजगंज जिले के एक प्रसिद्ध देवी स्थान पर लगातार जलभराव की समस्या ने ग्रामीणों के सब्र का बांध तोड़ दिया है। प्रशासन की अनदेखी से नाराज सैकड़ों ग्रामीणों ने आज जोरदार प्रदर्शन कर अपनी मांगों को बुलंद किया।
- महाराजगंज के एक प्राचीन देवी मंदिर परिसर में महीनों से जलभराव।
- श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों को आवागमन में भारी परेशानी।
- ग्रामीणों ने समस्या समाधान के लिए प्रशासन से कई बार की शिकायतें।
- शिकायतों पर कार्रवाई न होने से उपजा जन आक्रोश।
- ग्रामीणों ने मंदिर के पास एकत्र होकर किया जोरदार प्रदर्शन।
यह मामला महाराजगंज के एक ऐसे स्थानीय देवी स्थान का है, जो क्षेत्र की गहरी आस्था और श्रद्धा का केंद्र है। पिछले कई महीनों से मंदिर परिसर और उसके आसपास कीचड़ व दूषित पानी जमा होने से स्थिति दयनीय बनी हुई है। बारिश के मौसम में यह समस्या और भी विकराल रूप ले लेती है, जिससे श्रद्धालुओं को माता के दर्शन करने में भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। स्थानीय निवासियों का आरोप है कि उन्होंने इस गंभीर जल निकासी की समस्या को लेकर कई बार स्थानीय प्रशासन, ग्राम प्रधान और अन्य संबंधित अधिकारियों का ध्यान आकर्षित किया, लेकिन उनकी गुहार को हर बार अनसुना कर दिया गया।
ग्रामीणों का कहना है कि जलभराव के कारण न केवल धार्मिक अनुष्ठानों में बाधा आ रही है, बल्कि गंदगी और बदबू से आसपास के क्षेत्र में बीमारियों का खतरा भी बढ़ गया है। प्रदर्शनकारी ग्रामीणों ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि प्रशासन ने जल्द ही इस समस्या का स्थायी समाधान नहीं किया, तो वे अपने आंदोलन को और तेज करेंगे। उनकी मांग है कि मंदिर परिसर और आसपास के क्षेत्र से पानी की निकासी के लिए तत्काल ठोस योजना बनाकर उस पर अमल किया जाए। ग्रामीणों ने प्रशासन से इस धार्मिक स्थल की पवित्रता और जन स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए शीघ्र कार्रवाई की अपील की है।