लोकतंत्र की नींव को मजबूत करने और हर नागरिक को उसके मताधिकार के महत्व से अवगत कराने के उद्देश्य से आज शहर में एक विशाल मतदाता जागरूकता रैली का आयोजन किया गया। इस रैली में समाज के विभिन्न वर्गों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया, जिसका लक्ष्य आगामी चुनावों में शत-प्रतिशत मतदान सुनिश्चित करना है।
- जिला प्रशासन और विभिन्न सामाजिक संगठनों ने मिलकर रैली का आयोजन किया।
- छात्र-छात्राओं, सरकारी कर्मचारियों और आम नागरिकों ने रैली में सक्रिय भागीदारी की।
- प्रतिभागियों ने "मेरा वोट, मेरा अधिकार" और "लोकतंत्र का आधार, शत-प्रतिशत मतदान" जैसे नारे लगाए।
- रैली ने शहर के प्रमुख मार्गों से गुजरते हुए जनता को मतदान के प्रति जागरूक किया।
- इसका मुख्य उद्देश्य नए मतदाताओं और उन लोगों को प्रोत्साहित करना था जो अक्सर मतदान से दूर रहते हैं।
आगामी विधानसभा या लोकसभा चुनावों के मद्देनजर, जिला प्रशासन ने मतदाता जागरूकता अभियान को तेज कर दिया है। इसी कड़ी में आज सुबह शहर के गांधी मैदान से एक भव्य जागरूकता रैली का शुभारंभ हुआ। इस रैली में न केवल सरकारी विभागों के कर्मचारी, बल्कि विभिन्न स्कूलों और कॉलेजों के छात्र-छात्राएं, स्वयंसेवी संगठन और आम नागरिक भी शामिल हुए। इसका प्राथमिक लक्ष्य हर मतदाता को उसके संवैधानिक अधिकार और कर्तव्य के प्रति जागरूक करना था, ताकि कोई भी मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करने से वंचित न रहे। रैली के माध्यम से लोगों को यह संदेश दिया गया कि उनका एक-एक वोट देश के भविष्य और लोकतंत्र की मजबूती के लिए कितना महत्वपूर्ण है।
इस जागरूकता रैली का स्थानीय स्तर पर व्यापक और सकारात्मक प्रभाव देखने को मिला। सड़कों के किनारे खड़े लोगों ने तालियों और नारों के साथ रैली का स्वागत किया, जिससे स्पष्ट था कि संदेश उन तक पहुंच रहा है। ऐसी पहल मतदाताओं, विशेषकर युवाओं और पहली बार मतदान करने वालों में उत्साह भरती है। उम्मीद की जा रही है कि यह रैली आगामी चुनावों में मतदान प्रतिशत को बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी और लोगों को अपने मताधिकार का प्रयोग करने के लिए प्रेरित करेगी। यह केवल एक रैली नहीं, बल्कि एक लोकतांत्रिक आंदोलन है जो नागरिकों को उनकी जिम्मेदारी का एहसास कराता है और उन्हें देश के निर्णय लेने की प्रक्रिया में सक्रिय भागीदार बनने के लिए प्रोत्साहित करता है।