आज के दौर में सोशल मीडिया और इन्फ्लुएंसर बनने की चाहत युवाओं पर किस कदर हावी हो रही है, इसका एक परेशान करने वाला उदाहरण सामने आया है। एक किशोर ने इन्फ्लुएंसर बनने के जुनून में अपनी मां का मोबाइल छीनकर घर छोड़ दिया, जिसके बाद पुलिस को उसे ढूंढना पड़ा।
- एक 15 वर्षीय किशोर ने इन्फ्लुएंसर बनने की चाह में घर छोड़ा।
- घर छोड़ने से पहले उसने अपनी मां का मोबाइल फोन छीना।
- परिवार ने तुरंत स्थानीय पुलिस स्टेशन में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई।
- पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए किशोर को ढूंढ निकाला और परिवार को सौंपा।
- यह घटना युवाओं में डिजिटल दुनिया के बढ़ते प्रभाव और चुनौतियों को दर्शाती है।
यह घटना महानगर के एक मध्यमवर्गीय परिवार से जुड़ी है, जहां 15 वर्षीय किशोर सोशल मीडिया पर अपनी पहचान बनाने के लिए बेचैन था। बताया जा रहा है कि वह लगातार अपनी मां से महंगे गैजेट्स और डेटा प्लान की मांग करता था, ताकि वह ऑनलाइन वीडियो बना सके। जब मां ने उसकी इन मांगों को पूरा करने में असमर्थता जताई और मोबाइल के अत्यधिक उपयोग पर रोक लगाई, तो किशोर ने आवेश में आकर मां से फोन छीन लिया और घर से चला गया। परिवार के सदस्यों ने तुरंत स्थानीय पुलिस स्टेशन में गुमशुदगी की शिकायत दर्ज कराई।
इस घटना ने एक बार फिर डिजिटल युग में बच्चों की परवरिश और उनके मानसिक स्वास्थ्य पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। इन्फ्लुएंसर बनने का सपना आज के युवाओं के बीच तेजी से फैल रहा है, लेकिन इसके नकारात्मक पहलू अक्सर अनदेखे रह जाते हैं। अभिभावकों को अपने बच्चों के साथ संवाद स्थापित करने और उन्हें डिजिटल दुनिया के फायदे-नुकसान समझाने की जरूरत है। विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसे मामलों में केवल कानूनी कार्रवाई ही पर्याप्त नहीं, बल्कि मनोवैज्ञानिक परामर्श और परिवार के भीतर समझदारी भरे माहौल की भी उतनी ही आवश्यकता है ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके और बच्चे सही राह पर चल सकें।