महाराजगंज में शीतलहर का प्रकोप जारी है। भले ही सूरज ने दर्शन दिए हों, लेकिन गलन भरी ठंड से राहत नहीं मिली है। इसी स्थिति को देखते हुए जिले में 12वीं तक के सभी स्कूलों को अगले दो दिनों के लिए बंद रखने का आदेश जारी किया गया है।
- महाराजगंज जिले में शीतलहर का असर बरकरार है।
- धूप खिलने के बाद भी गलन और ठिठुरन में कमी नहीं आई है।
- कक्षा 12वीं तक के सभी स्कूल दो दिनों के लिए बंद रहेंगे।
- यह निर्णय बच्चों के स्वास्थ्य और सुरक्षा को ध्यान में रखकर लिया गया है।
- प्रशासन ने नागरिकों से ठंड से बचाव के उपाय अपनाने की अपील की है।
उत्तर भारत में जारी भीषण शीतलहर ने महाराजगंज जिले को भी अपनी चपेट में ले रखा है। बीते कुछ दिनों से न्यूनतम तापमान में लगातार गिरावट दर्ज की जा रही है, जिससे जनजीवन प्रभावित हुआ है। हालांकि, आज सुबह धूप खिलने से लोगों को थोड़ी राहत की उम्मीद जगी थी, लेकिन जमीनी हकीकत यह है कि धूप की तपिश गलन भरी ठंड को कम करने में नाकाम रही है। सुबह और शाम के वक्त ठिठुरन अपने चरम पर है, जो विशेषकर बच्चों के स्वास्थ्य के लिए हानिकारक साबित हो सकती है।
इस आदेश से हजारों छात्र-छात्राओं और उनके अभिभावकों को राहत मिली है, जिन्हें ठंड में स्कूल जाने की चिंता सता रही थी। हालांकि, छुट्टी के कारण बच्चों की पढ़ाई का नुकसान भी होगा, जिसके लिए स्कूलों को बाद में अतिरिक्त कक्षाएं लगाने पर विचार करना पड़ सकता है। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे ठंड से बचाव के लिए आवश्यक उपाय अपनाएं और बिना वजह घरों से बाहर न निकलें, खासकर छोटे बच्चों और बुजुर्गों का विशेष ध्यान रखें। मौसम विभाग के अनुसार, अगले कुछ दिनों तक ठंड का प्रकोप जारी रहने की संभावना है, जिसके बाद ही स्थिति में सुधार की उम्मीद है।